नई दिल्ली. पठानकोट में भारतीय वायुसेना के ठिकाने पर हमले के सिलसिले में एक पाकिस्तानी जांच दल की यात्रा से पहले एनआईए ने अभियान में मारे गए चार आतंकवादियों की तस्वीर जारी की है.

तस्वीर जारी करने का कदम पाकिस्तान के विशेष जांच दल (एसआईटी) के मामले के तथ्यों और एनआईए द्वारा की गई जांच के बारे में पता लगाने के लिए यहां आने से कुछ दिन पहले उठाया गया है.

एनआईए की विज्ञप्ति में चार मारे गए आतंकवादियों का हुलिया दिया गया है. साथ ही उनकी उंचाई का भी ब्योरा दिया गया है. आतंकवाद निरोधक एजेंसी ने कहा है कि आतंकवादियों में से एक के दोनों पांव में अंगूठा नहीं था.

एनआईए ने तस्वीर जारी करते हुए जनता से उस बारे में सूचना साझा करने को कहा है. एनआईए ने कहा, ‘जो भी प्रासंगिक और सही सूचना देगा उसे एक लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा.’

एजेंसी ने पहले ही चार आतंकवादियों के खिलाफ ब्लैक नोटिस जारी करवाने के लिए इंटरपोल से संपर्क किया है. अंतरराष्ट्रीय नोटिस देश में मिले अज्ञात शव की पहचान के लिए जारी किए जाते हैं.

इस आतंकी हमले में शामिल बाकी के दो आतंकियों के बारे में एनआईए पठानकोट हवाई ठिकाने में एयरमेन बिलेट से बरामद नमूनों की नए सिरे से जांच के लिए एक अन्य फॉरेंसिक प्रयोगशाला से संपर्क करने की योजना बना रही है. चंडीगढ़ में फॉरेंसिक प्रयोगशाला ने कहा था कि उन्हें एनआईए द्वारा सौंपे गए नमूनों में मानव अवशेष नहीं मिले हैं.

एनआईए ने खयाम बाबर के बेटों का भी ब्योरा मांगा है, जो आत्मघाती दस्ते का हिस्सा था, जिसने हमला किया. सूत्रों ने बताया कि हमलावरों के महत्वपूर्ण हैंडलरों में से एक कासिफ जान आतंकवादियों के साथ सीमा तक आया था.

चारों आतंकवादियों के शवों को सुरक्षित रखा गया है. चार में से दो आतंकवादियों की पहचान नासिर और सलीम के तौर पर की गई है. नासिर वह आतंकवादी था, जिसने अपनी मां को फोन किया था, जबकि बहावलपुर के रहने वाले बाबर ने पंजाब के पुलिस अधीक्षक सलविंदर सिंह के जौहरी मित्र से फोन छीना था.