नई दिल्ली. आध्यात्मिक गुरू श्री श्री रविशंकर की संस्था आर्ट ऑफ लिविंग के 35 साल पूरे होने पर दिल्ली में यमुना किनारे तीन दिन तक चलने वाले भव्य कार्यक्रम किया जा रहा है. इसका उद्धाटन पीएम नरेंद्र मोदी ने किया. इस कार्यक्रम में अलग-अलग संस्कृतियों की झांकी दिखाने के लिए 35 हज़ार से ज्यादा कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे.
 
कार्यक्रम में आए लोगों को संबोधित करते हुए कहा, हां यह एक निजी पार्टी है क्योंकि पूरी दुनिया मेरा परिवार है. श्री श्री अपने कार्यक्रम पर उठे विवाद पर बोल रहे थे. उन्होंने कहा कि आप सबसे यह कहना चाहता हूं कि अपने चेहरे पर मुस्कुराहट के साथ सभी चुनौतियों का डटकर सामना करें. जब आप किसी शुभ कार्यक्रम की शुरुआत करते हैं तो कई विघ्न आते हैं लेकिन इससे पता चलता है आपका कार्य कितना महत्वपूर्ण है.
 
रविशंकर ने आगे कहा कि जीवन एक संघर्ष है और उसको उत्सव में बदलना एक कला है, आप जितना प्यार समाज को देते हो वो उससे कई गुना आपके पास वापस आता है. आज विश्व एक परिवार का सपना साकार हो उठा है. जीवन जीने की कला एक संस्था कम एक आंदोलन ज्यादा है. यह दिल और दिमाग को जोड़ने की एक कला है. यहां आए सभी लोगों ने दुनिया को संदेश दिया हम सब एक दुनिया के ही लोग हैं.
 
बता दें कि आर्ट ऑफ लिविंग संस्था के 35 साल पूरे होने पर यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है. इस दौरान कई तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिये भारतीय संस्कृति को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत किया जाएगा. तीन दिवसीय इस भव्य कार्यक्रम में 155 से ज्यादा देशों से लोगों के शिरकत करने की संभावना है.
 
इतनी बड़ी भीड़ को काबू करने के लिए सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए गए हैं. 8000 पुलिस के जवानों के अलावा एसपीजी और एनएसजी की भी तैनाती की गई है. आतंकी हमले के खतरे से निपटने के लिए SWAT कमांडो की तैनाती की गई है.