नई दिल्ली. कर्ज में डूबे किंगफिशर एयरलाइंस के मालिक विजय माल्या 2 मार्च को ही देश छोड़ कर जा चुके हैं. इसकी जानकारी अटॉर्नी जनरन मुकुल रोहतगी ने सुप्रीम कोर्ट में दी. कोर्ट ने इस पर कड़ा विरोध जारी करते हुए माल्या को नोटिस जारी किया है और माल्या के पासपोर्ट जब्त करने की बात कही है.
 
इस बीच रोहतगी ने कहा कि हमारी सीबीआई से बात हुई है, जानकारी मिली है कि माल्या 2 मार्च को देश छोड़ चुके हैं, जब बैंकों ने डीआरटी में याचिका दी थी. AG ने कहा कि ये जनता का पैसा है, हम ये पैसा वापस चाहते हैं, हमें किसी का खून नहीं चाहिए.
 
बैंकों को लगाई फटकार
सुप्रीम कोर्ट ने बैंकों से सवाल पूछा कि जब आप दसवां हिस्सा ही रिकवर कर पाएं तो इतना लोन क्यों दिया गया? कोर्ट ने कहा कि फिलहाल वह माल्या को नोटिस जारी कर रहे हैं. इस मामले की सुनवाई 30 मार्च को होगी.
 
क्या है मामला?
दरअसल माल्या की कंपनी कर्ज में डूबी हुई है जिसने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया समेत 17 बैंकों के 9000 करोड़ रुपये का ऋण लिया हुआ है. पैसा डूब जाने के डर से बैंकों ने माल्या के देश से बाहर न जाने के चलते सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की है.
 
याचिका में कहा गया है कि माल्या डेब्ट रिकवरी ट्रिब्यूनल यानी DRT में पेश होने के लिए जमानत राशि जमा कराएं और DRT जल्द इस मामले की सुनवाई पूरी करे.