नई दिल्ली. यमुना के बाढ़ के डूब वाले क्षेत्र में प्रस्तावित श्रीश्री रविशंकर का तीन दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रम को लेकर आज राज्यसभा में हंगामा हुआ. जिसके बाद सरकार की ओर से सांसद मुख्तातर अब्बास नकवी ने श्री श्री का बचाव किया.

वाम सांसद सीताराम येचुरी ने कहा कि एक निजी संस्था के कार्यक्र के लिए सेना को लगाया गया है, ये आपत्तिजनक है. इससे पहले जदयू अध्यक्ष शरद यादव ने श्री श्री रविशंकर को पर्यावरण का उल्लंघन करते हुए ऑर्ट ऑफ लिविंग का कार्यक्रम करने की इजाजत देने का भारी विरोध किया है.

सबसे पहले कांग्रेस सांसद गुलाम नबी आजाद ने सदन में सवाल खड़ा करते हुए कहा, मैं किसी आर्ट ऑफ लिविंग कार्यक्रम का विरोध नहीं करता लेकिन पर्यावरण संरक्षा को दरकिनार कर इस तरह के कार्यक्रम का आयेाजन गलत है.

कार्यक्रम को लेकर एनजीटी ने भी अपनी आपत्ति दर्ज कराई है. एनजीटी ने केंद्र से सवाल पूछा है कि आखिर पर्यावरण मंत्रालय की मंजूरी क्यों नहीं ली गई. इस कार्यक्रम में जनरेटर चलेंगे, पार्किंग आदि होगी. क्या इससे पर्यावरण को खतरा नहीं होगा. इसका स्ट्रक्चर भी इजाजत के अनुरूप नहीं है. वहीं कांग्रेस ने सवाल पूछा है कि आखिर सेना ने अस्थाई पुल क्यों बनाया है.