नई दिल्ली. हरियाणा में चल रहे  उग्र जाट आरक्षण आंदोलन की वजह से दिल्ली में पीने के पानी की सप्लाई पर संकट खड़ा होता दिख रहा है. आंदोलनकारियों ने मुनक नहर पर कब्जा जमा लिया है और दिल्ली को पानी सप्लाई रोक दी है.

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गृहमंत्री राजनाथ सिंह और हरियाणा के सीएम मनोहरलाल खट्टर से बात करके मुनक नहर फ्री कराने का अनुरोध किया है. केजरीवाल ने बताया है कि राजनाथ सिंह ने उन्हें भरोसा दिया है कि मुनक नहर को मुक्त कराने के लिए सेना भेजी जा रही है.

जाट आंदोलनकारियों ने मुनक नहर पर कब्जा करने के बाद वहां से दिल्ली को आने वाली पानी सप्लाई को रोक दिया है. मुनक नहर से पानी नहीं आने पर दिल्ली में करीब 430 एमजीडी पानी का किल्लत हो जाएगी. दिल्ली में करीब 900 एमजीडी पानी की हर रोज़ जरूरत होती है.

मुनक नहर से पानी नहीं आने पर सिर्फ गंगा और यमुना के पानी के सहारे चलाने वाले सोनिया विहार, चंद्रावल और भागीरथी वाटर प्लांट ही काम कर पाएंगे. इनसे ज्यादा से ज्यादा 460 एमजीडी पानी ही निकल सकता है.

दिल्ली में पानी पर ंमंडरा रहे संकट को देखते हुए दिल्ली जल बोर्ड के चेयरमैन कपिल मिश्रा ने हालात की समीक्षा के लिए वरिष्ठ पदाधिकारियों की बैठक बुलाई थी. हरियाणा के मुख्य सचिव से बात करने के बाद मिश्रा ने भरोसा जताया है कि नहर को जल्द ही फ्री कराकर पानी की सप्लाई बहाल कर दी जाएगी.