नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट में जेएनयू मामले की सुनवाई के दौरान आज एक वकील ने वंदेमातरम् का नारा लगाया. कोर्ट में एक वकील द्वारा इस प्रकार से नारा लगाने के कारण जस्टिस चेकामेश्वर ने आपत्ति जताई और कोर्ट से बाहर करने का आदेश दिया. कोर्ट की नाराजगी को देखते हुए पुलिस उस वकील को कोर्ट से बाहर ले गई.
 
आज कोर्ट उस याचिका पर सुनवाई कर रही है जिसमें मांग की गई है कि कोर्ट पुलिस को निर्देश दे कि कन्हैया कुमार के खिलाफ चल रही सुनवाई में कोई बाधा न हो. जेएनयू के पूर्व स्टूडेंट एनडी जयप्रकाश की ओर से दायर याचिका में कहा गया है कि कन्हैया के खिलाफ पटियाला हाउस कोर्ट में सुनवाई के दौरान कोई व्यवधान न हो यह सुनिश्चित किया जाए.
 
याचिका में ये भी मांग की गई कि कोर्ट परिसर में सुरक्षा सुनिश्चित किया जाना जरूरी है ताकि कोई भी शख्स हिंसा का शिकार न हो. याचिका में कहा गया है कि याचिकाकर्ता भी फिजिकल वॉयलेंस का शिकार हुआ है. उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में जेएनयू स्टूडेंट, टीचर और जर्नलिस्ट कोर्ट में सुनवाई के लिए मौजूद थे लेकिन तभी उनके साथ कुछ लोगों ने हिंसा की.
 
सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा?
कोर्ट ने पत्रकारों को कोर्टरूम में जाने का अधिकार दिया. कोर्ट ने कहा कि पत्रकारों की सुरक्षा बेहद अहम है क्योंकी पत्रकार कोर्ट की सुनवाई को लोगों को तक पहुंचाते हैं. कई बार हमने देखा कि लोग आरोपी के लिए कोर्ट तक मार्च करते हैं. आरोपी के समर्थक कोर्ट रूम में नारेबाजी भी कर देते हैं, क्या इसे अनुमति दी जानी चाहिए. मद्रास का उदाहरण देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हर बार पुलिस पर आरोप लगते हैं. वो एक्शन ले तो दोनों पक्ष आरोप लगाते हैं और ना ले तो भी आरोप लगते हैं.
 
पटियाला हाउस कोर्ट में सुरक्षा बढ़ाई गई
JNUSU के अध्यक्ष कन्हैया कुमार की पेशी से पहले बुधवार को पटियाला हाउस कोर्ट में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. दो दिन पहले हुए बवाल को देखते हुए पुलिस ने इस बार पेशी से पहले ज्यादा एहतियात बरते हैं. बुधवार को कन्हैया की पुलिस कस्टडी का आखिरी दिन है. पुलिस आगे भी कोर्ट से कस्टडी की अपील कर सकती है.