नई दिल्ली. जेएनयू कैंपस में अफजल गुरु के समर्थन में आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रविरोधी नारेबाज़ी को लेकर जेएनयू छात्रसंघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार को जेएनयू की 3 सदस्य जांच कमेटी ने शुरूआती जांच में दोषी माना है. इस मामले में कमेटी ने कन्हैया समेत आठ लोगों को दोषी माना है.

इंडिया न्यूज़ पर जेएनयू की प्रोफेसर मंदिरा दत्ता ने ये जानकारी दी है. मंदिरा दत्ता जेएनयू टीचर्स एसोसिएशन की भी सदस्य हैं. बता दें कि 12 फरवरी को कैंपस में देश विरोधी नारेबाज़ी और आतंकियों का समर्थन करने के आरोप में पुलिस ने कन्हैया कुमार को गिरफ्तार किया था.

क्या है मामला ?

9 फरवरी को जेएनयू में द ‘कंट्री विदाउट ए पोस्ट ऑफिस’ नाम से एक विरोध मार्च का आयोजन किया गया था. जेएनयू के गंगा ढाबा से शुरू हुए इस विरोध मार्च में आतंकी अफजल गुरु और मकबूल भट की फांसी को न्यायिक हत्या बताया गया. इस दौरान आतंकियों के समर्थन और कश्मीर को भारत से अलग करने की मांग को लेकर नारेबाज़ी की गई.