नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि ‘दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में’ भारत सबसे तेजी से विकास कर रहा है. मोदी ने कहा, “जब दुनिया की अधिकांश ताकतें मंदी का शिकार हैं, उस वक्त लोग हमारी तरफ देख रहे हैं. हम सबसे तेजी से विकास कर रहे हैं. प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अकेली ऐसी अर्थव्यवस्था है जो वैश्विक आर्थिक संकट से प्रभावित नहीं हुई है.
 
प्रधानमंत्री आर्य समाज के संस्थापक स्वामी दयानंद सरस्वती की 192वीं जयंती पर आयोजित स्वामी दयानंद सरस्वती जन्मोत्सव को संबोधित कर रहे थे. ‘नया संकल्प’ नाम के इस कार्यक्रम का आयोजन शिक्षण संस्थाओं को संचालित करने वाले डीएवी समूह ने किया था. इस कार्यक्रम का आयोजन आर्य समाज आंदोलन के 130वें स्थापना दिवस पर भी किया गया.
 
‘दुनिया फिसल रही है हम बढ़ रहे हैं’
प्रधानमंत्री ने कहा, “सभी यही कह रहे हैं..विश्व बैंक, आईएमएफ..दुनिया आर्थिक संकट से गुजर रही है, लेकिन यह सिर्फ भारत है जो तेज गति से आगे बढ़ रहा है. यह निराली स्थिति है कि दुनिया फिसल रही है और भारत आगे बढ़ रहा है.”
 
‘दुनिया का सबसे युवा राष्ट्र भारत’
भारत को ‘दुनिया का सबसे युवा राष्ट्र’ बताते हुए मोदी ने कहा कि युवा शक्ति का इस्तेमाल देश के विकास में किया जाएगा. इसीलिए हमने कौशल विकास कार्यक्रम ही नहीं शुरू किया है बल्कि युवाओं के लिए अलग से मंत्रालय का गठन किया है. मोदी ने कहा कि 2030 तक जब कई देशों में बुजुर्गो की संख्या बढ़ चुकी होगी और उन्हें श्रमशक्ति की जरूरत होगी तब भारत अपनी कौशल संपन्न और तकनीकी रूप से दक्ष श्रमशक्ति को इन देशों में लगाएगा.
 
‘हम दिखावे में यकीन नहीं रखते’
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की कौशल भारत, स्टार्ट-अप इंडिया, स्टैंड-अप इंडिया, डिजिटल इंडिया और कर्ज से जुड़ी योजना मुद्रा ने देश के विकास में उल्लेखनीय योगदान दिया है. युवाओं, पिछड़ों, आदिवासियों को इन योजनाओं से सर्वाधिक लाभ पहुंचा है. प्रधानमंत्री ने कहा, “हमारी सरकार दिखावे में यकीन नहीं करती. हम नतीजों में यकीन रखते हैं. हम मुद्रा योजना के तहत दो करोड़ परिवारों को एक लाख करोड़ रुपये का कर्ज पहले ही दे चुके हैं.” मुद्रा योजना के तहत बिना किसी बैंक गारंटी के लघु एवं मध्यम उद्यमियों को कर्ज मुहैया कराया जाता है.
 
‘स्वामी दयानंद सरस्वती आज भी प्रेरणास्रोत’
प्रधानमंत्री ने कहा कि आर्य समाज के संस्थापक स्वामी दयानंद सरस्वती आज भी सभी के लिए प्रेरणास्रोत बने हुए हैं. उन्होंने कहा कि 1857 के स्वाधीनता संग्राम की पृष्ठभूमि में बने आर्य समाज ने अंधविश्वास के खिलाफ आवाज उठाई थी. अब आर्य समाज का नया संकल्प देश के रुतबे को वैश्विक स्तर बढ़ाने का होना चाहिए. यही स्वामी दयानंद को सच्ची श्रद्धांजलि होगी. प्रधानमंत्री ने कहा कि डीएवी कालेज प्रबंधन समिति ने उनके स्वच्छ गंगा अभियान में सहयोग देने का वादा किया है. इसका स्वागत करते हुए मोदी ने कहा कि यह एक ऐसी पहल है जो जन भागीदारी से ही सफल हो सकती है.