नई दिल्ली. ‘तीन तलाक’ और एक पत्नी के रहते दूसरी महिला से शादी और भरण पोषण के मामले में सुनवाई के खिलाफ जमात-ए-उलेमा सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. जमात-ए-उलेमा की ओर से दायर अर्जी कहा गया है कि ये मामला सुनवाई योग्य नहीं है.

जमात-ए-उलेमा ने अपनी अर्जी में कहा है कि क्योंकि ये मुस्लिम पर्सनल लॉ का मामला है और इसके तहत महिलाओं को पर्याप्त अधिकार और सुरक्षा दी गई हैं. इस मामले में सुप्रीम कोर्ट स्वत संझान लेकर सुनवाई कर रहा है.

वहीं, सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में अटार्नी जनरल को जवाब दाखिल करने को कहा है. सुप्रीम कोर्ट ने नई अर्जी मंजूर करते हुए 6 हफ्ते में अपना जवाब दाखिल करने को कहा है. चीफ जस्टिस ने कहा कि इस मामले में अटार्नी जनरल से जवाब मांगा गया था, लेकिन उन्होंने अपना पक्ष नहीं बताया है।.लिहाजा वो भी अपना जवाब कोर्ट में दाखिल करें.