गोवा. बीजेपी नेता यशवंत सिन्हा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार को आड़े हाथ लिया. उन्होंने मोदी की तुलना इंदिरा गांधी से करते हुए कहा कि इलेक्शन का इंतजार कीजिए, जनता धूल चटाएगी. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की वैसे ही हार होगी जैसा इंमरजेंसी के बाद क्रांग्रेस की हुई थी.
 
सिन्हा ने कहा कि बीजेपी के कई वरिष्ठ नेताओं के साथ पार्टी में हाशिए पर डाल दिए गया है. यह बात उन्होंने आयोजित ‘डिफिकल्ट डायलॉग’ में बयान दिया. मार्क्सवादी कॉम्यूनिस्ट पार्टी महासचिव सीताराम येचुरी ने भी इस सम्मेलन को संबोधित किया.
 
‘भारतीय समाज धूल चटा देगा’
सिन्हा ने कहा कि निश्चित पर कोई संवाद नहीं होने की कोई गुंजाइश नहीं है, यह भारतीय लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है. यहां-वहां भूल तो होंगी ही, चिंता मौजूदा हालात को लेकर है. लेकिन महान भारतीय समाज इसका ख्याल रखेगा और भारत में संवाद में यकीन नहीं रखने वालों को धूल चटा देगा. अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में वित्त और विदेश मंत्री रह चुके सिन्हा ने मोदी का नाम लिए बगैर कहा कि भारत के लोग उन्हें धूल चटा देंगे. आपको बस अगले चुनावों का इंतजार करना है. 
 
‘1977 आम चुनाव’
कांग्रेस को सत्ता से बाहर कर देने वाले 1977 के आम चुनावों का जिक्र करते हुए सिन्हा ने कहा कि संवाद की अनदेखी से सरकार 19 महीने ही टिक सकेगी. बता दें कि आपातकाल भी 19 महीने तक लागू रहा था. सिन्हा ने कहा कि हम सभी को पता है कि भारत के लोगों ने आपातकाल पर कैसी प्रतिक्रिया दी थी जो असहमति के स्वर को बनाए रखने के लिए हमारे देश में सबसे ताकतवर लोकतांत्रिक प्रयास था. 
 
‘अड़ंगा लगाने वाले गंभीर मुश्किल में’
समाज में संवाद रोक न दिया जाए, यह सुनिश्चित करने की जरूरत पर येचुरी के हस्तक्षेप पर सिन्हा ने कहा कि मैं सिर्फ इतना कहूंगा कि अड़ंगा लगाने वाला गंभीर मुश्किल में है.
 
बीजेपी के ‘शत्रु’
यशवंत सिन्हा ने यह बयान ऐसे समय में दिया है जब एक अन्य बीजेपी नेता शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि वाजपेयी, लाल कृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी जैसे वरिष्ठ नेता उससे कहीं ज्यादा पाने के योग्य हैं जो उन्हें दिया गया है. शत्रुघ्न ने पुणे में कहा कि अभी मैं और ये सभी नेता दमन और सम्मान के बीच फंसे हुए हैं.