नई दिल्ली. दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में चल रही सुनवाई के दौरान दिल्ली मेट्रो ने कहा कि मेट्रो का फेरा बढ़ाना संभव नहीं है क्योंकि इसमें बहुत लागत आएगी. मेट्रो ने कहा कि हर स्टेशन पर दो से तीन मिनट के भीतर एक मेट्रो आती है. लेकिन इस समय को और घटाया नहीं जा सकता क्योंकि ऐसा करने से पुरे सिस्टम पर प्रभाव पड़ेगा.

दिल्ली मेट्रो ने कहा कि लोगों को परेशानी न हो इस लिए मेट्रो के डिब्बों की संख्या बढायेंगे. 4 डब्बों वाली मेट्रो को 6 और 8 डिब्बों में बदलेंगे. इस साल के अंत तक 487 डिब्बे मेट्रो में अतरिक्त लगाये जाएंगे. अभी मेट्रो में प्रतिदिन 29 लाख लोग सफ़र करते है और ऑड-ईवन के समय ये आकड़ा 31 लाख पहुंच गया था. डीएमआरसी ने उम्मीद जताई है कि 2017 तक मेट्रो में 45 लाख लोग सफ़र करेंगे.

दिल्ली मेट्रो ने आज ये भी कहा कि तीसरे फेज़ का निर्माण कार्य 2016 या 2017 के बीच में पूरा हो जाएगा. इस फेज़ में 420 डिब्बे अतरिक्त लगेंगे जिसके लिए आर्डर हो चुका है.

दरअसल पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने मेट्रो से पूछा था कि क्या ये संभव है कि मेट्रो और जल्दी फेरे लगा सकती है ?