नई दिल्ली. सचिवालय छापे मामले में सीबीआई ने लोअर कोर्ट के फैसले के खिलाफ आज हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है. लोअर कोर्ट ने एजेंसी को ऑर्डर दिया था कि सीएम अरविंद केजरीवाल के प्रिंसिपल सेक्रेटरी सचिव राजेन्द्र कुमार के ऑफिस पर छापे के दौरान जब्त किए गए कुछ डॉक्यूमेंट्स वापस किए जाएं.

हाईकोर्ट ने सीबीआई की याचिका पर दिल्ली सरकार, आईएएस अधिकारी राजेंद्र कुमार को नोटिस भेजा है. कुमार के खिलाफ भ्रष्टाचार और आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने से जुड़े कई आरोप हैं.

इस मामले में दिल्ली सरकार ने कोर्ट से कहा था कि इन फाइलों का जांच से कोई संबंध नहीं है.सीबीआई की विशेष अदालत के जज अजय कुमार जैन ने सीबीआई को आदेश दिया था कि वो 15 दिसंबर को प्रधान सचिव राजेंद्र कुमार पर छापे के दौरान जब्त की गई उन फाइलों को रिलीज करे जिनका संबंध राजेंद्र कुमार के खिलाफ चल रही जांच से नहीं है.

दिल्ली सरकार ने 21 दिसंबर को कोर्ट में अर्जी लगाकर कहा था कि सीबीआई ने गलत तरीके से और गलत नीयत से राजेंद्र कुमार के खिलाफ छापेमारी के दौरान केजरीवाल के दफ्तर की फाइलें जब्त कर ली थीं जिससे दिल्ली सरकार का काम प्रभावित हुआ है.

कोर्ट के आदेश के बाद बोले केजरीवाल, सीबीआई रेड पर सफाई दें मोदी

सीबीआई कोर्ट की तरफ से केजरीवाल की कुछ फाइलें लौटाने के आदेश के बाद सीएम अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि प्रधानमंत्री कार्यालय को देश को सफाई देनी चाहिए क्योंकि सीबीआई पीएम को रिपोर्ट करती है.

सीबीआई ने जब दिसंबर में छापा मारा था तब केजरीवाल और आम आदमी पार्टी ने कहा था कि सीबीआई ने केंद्र सरकार के इशारे पर डीडीसीए के भ्रष्टाचार की जांच से जुड़ी फाइलों को जब्त करने के लिए ये छापा मारा था.