अयोध्या. बाबरी मस्जिद बनाम राम मंदिर मामले के मुख्य मुद्दई हाशिम अंसारी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस नेता और तत्कालीन प्रधानमंत्री नरसिम्हा राव ने अयोध्या में विवादित स्थल पर मौजूद मस्जिद तुड़वाई थी. अपने घर पर मीडिया से बात करते हुए हाशिम ने बाबरी मस्जिद को बचाए न जाने पर अफसोस जाहिर करते हुए कहा, “उन्हें (राव को) पहले से इस मामले की जानकारी थी, फिर भी कोई कदम नहीं उठाया गया. इसलिए मैं मानता हूं कि इस मामले में उनकी मुख्य भूमिका थी. लेकिन वह मस्जिद गिराने के मुकदमे में मुलजिम नहीं बने.”
 
उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद नरसिम्हा राव ने मस्जिद को दोबारा बनवाने की बात कही थी, लेकिन उन्होंने देश के मुसलमानों के साथ धोखा किया, मस्जिद नहीं बनवाई. हाशिम अंसारी सुप्रीम कोर्ट में लंबित फैसले में देरी से नाराज दिखे.  उन्होंने कहा, “शायद हमारे मरने के बाद मंदिर-मस्जिद का फैसला होगा.”
 
हाशिम अंसारी ने बीजेपी पर भी गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि बीजेपी और कांग्रेस के लोग नेतागीरी के लिए देश के कानून को पैरों तले कुचलते रहे हैं. ये सब नेता राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद के नाम पर सिर्फ नेतागीरी करते हैं. आखिर ये नेता इस विवाद का फैसला क्यों नहीं कराते?
 
बता दें कि उत्तर प्रदेश के फैजाबाद जिले के तहत अयोध्या में एक जनसभा करने के बाद हिंदूवादी संगठनों के सैकड़ों कार्यकर्ता सालों से वीरान पड़ी बाबरी मस्जिद पर टूट पड़े थे. कुछ ही घंटों में उन्होंने सदियों पुरानी मस्जिद जमींदोज कर दी थी. हिंदूवादी संगठनों का दावा है कि जिस जगह मस्जिद थी, वही राम जन्मभूमि है. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने विवादित जमीन को तीन हिस्सों में बांट दिया था, लेकिन यह फैसला किसी पक्ष को मंजूर नहीं हुआ.