नई दिल्ली. संविधान के निर्माता डॉ भीमराव अंबेडकर की जयंती पर आयोजित दलित इंडियन चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री सम्मेलन के उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि दलित कारोबारियों को भी अंबेडकर के रास्ते पर चलना चाहिए.

पीएम मोदी ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि दलित कारोबारियों ने 14 करोड़ लोगों को रोजगार देने के साथ-साथ सरकारी तिजोरी भी भरने का काम किया है. उन्होंने कहा कि अगर आज अंबेडकर होते तो वो दलितों का विकास देखकर बहुत खुश होते.

पीएम मोदी ने कहा कि प्रधानमंत्री मुद्रा योजना में 80 लाख लोगों को बिना एक रुपये की गारंटी के लोन मिला, इनमें से अधिकतर दलित, ओबीसी, एसटी हैं. उन्होंने कहा कि दलितों को विरासत में कोई उद्यम नहीं मिला लेकिन आज इनका देश की जीडीपी में बड़ा योगदान है.

पीएम ने आगे बोलते हुए कहा कि दलितों ने बहुत अपमान सहा है, मेरा भी अपमान हुआ है इसलिए में उनका ये दर्द समझता हूं. मोदी ने कहा कि मैं अधिकार से ज्यादा कर्तव्य पर ध्यान देता हूं, क्योंकि बाबा आंबेडकर ने हमें यही सिखाया है. उन्होंने कहा कि आप यह याद रखें कि दिल्ली में दलितों का साथी बैठा है इसलिए आपको डरने की जरूरत नहीं है.