नई दिल्ली. पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अचानक पाकिस्तान दौरे पर निशाना साधते हुए कहा कि इस सरकार का उपनाम ‘कभी कुछ, कभी कुछ’ रखा जा सकता है.

खुर्शीद ने कहा कि मोदी सरकार हर रोज ‘कभी कुछ, कभी कुछ’ करती रहती है. उन्होंने हैरत जताते हुए कहा कि आखिर ऐसा क्या हो गया कि उन्होंने ऐसा कदम उठाया है.

उन्होंने कहा कि पिछले चार हफ्तों में क्या कोई नाटकीय बदलाव आ गया, जिससे मोदी को यह तरीका सूझा ? या हर चीज नकारात्मक होने के बाद भी उनकी आस्था में बड़ा बदलाव आया है जो उन्होंने खुद को एक मौका देना चाहा.

कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर ने भी सरकार की आलोचना की और जानना चाहा कि ऐसा क्या हो गया कि बातचीत के लिए शर्तें रखने वाली मोदी सरकार ने अपना मन बदल लिया.

कांग्रेस नेता मनीष तिवारी ने सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि क्या पाकिस्तान, कश्मीर के उन हिस्सों को लौटाने पर राजी हुआ, जिस पर उसने कब्जा कर रखा है.

तिवारी ने आरोप लगाया कि कुछ निजी व्यापारिक हितों ने दौरे में भूमिका निभाई है. उन्होंने दावा किया कि दोनों प्रधानमंत्रियों के लिए ‘मध्यस्थ’ की भूमिका एक बड़े इस्पात कारोबारी ने निभाई है.