लखनऊ. आज साल का पहला सूर्यग्रहण है और यह 320 साल बाद कुंभ राशि में पंचग्रही योग में सूर्यग्रहण लगेगा. विश्व में यह ग्रहण भोर 4.49 बजे से पूर्वाह्न् 10.05 बजे तक रहेगा. भारत में भिन्न-भिन्न क्षेत्रों में यह ग्रहण 1 घंटा 45 मिनट तक दिखेगा. सूर्योदय के साथ ही ग्रहण शुरू होगा और सुबह 6.46 बजे तक रहेगा. ज्योतिषाचार्य पं. नरेंद्र उपाध्याय के अनुसार, यह ग्रहण कुंभ राशि में लग रहा है, इसलिए कुंभ पर इसका प्रभाव ज्यादा पड़ेगा. पूर्ववर्ती व परवर्ती राशियों- मकर व मीन को भी यह प्रभावित करेगा.
 
ये काम न करें-
ग्रहण के समय कुछ काम नहीं करने चाहिए. ग्रहण के समय दूसरे का अन्न खाने से बारह साल का किया हुआ पुण्य बरबाद हो जाता है. देवी भागवत के अनुसार सूर्यग्रहण या चन्द्रग्रहण के समय भोजन करने वाला व्यक्ति उदर रोग से पीड़ित हो जाता है. वह गुल्मरोगी, काना और दंतहीन होता है. ग्रहण का सूतक 12 घंटे पूर्व लग जाता है, इसलिए इन राशियों के जातक व गर्भवती महिलाएं ग्रहण व सूतक के समय सावधानी बरतें.
 
क्या करें गर्भवती महिलाएं :
-ग्रहण व सूतक अवधि में घर से बाहर न निकलें.
-ग्रहण को देखने की कोशिश न करें.
-भगवान का जप-ध्यान करें.
 
राशियों पर प्रभाव :
मेष : संतान पक्ष विषयक सावधानी बरतें.
वृष : शत्रुओं से सावधान.
मिथुन : संपत्ति लाभ की संभावना.
कर्क : आकस्मिक लाभ के आसार.
सिंह : दांपत्य जीवन में सावधानी बरतें.
कन्या : ग्रहण से लाभ की संभावना. 
तुला : पारिवारिक विवाद से बचें. 
वृश्चिक : व्यापार व नौकरी में लाभ.
धनु : निर्णय विषयक सावधानी.
मकर : सभी क्षेत्रों में सावधानी. 
कुंभ : विशेष सावधानी की जरूरत. 
मीन : दांपत्य व प्रेम संबंधी परेशानी.
 
वैज्ञानिक मान्यता :
सूर्य ग्रहण के दौरान पृथ्वी के उत्तरी एवं दक्षिणी ध्रुव प्रभावित होते हैं. इसलिए यह अवधि ऋणात्मक मानी जाती है. सूर्य से अल्ट्रावॉयलेट किरणें निकलती हैं जो एंजाइम सिस्टम को प्रभावित करती हैं, इसलिए सूर्यग्रहण के दौरान सावधानी बरतने की जरूरत है.