नई दिल्ली. पिछले साल गांधी जयंती के मौके पर पूरे देश में स्वच्छ भारत अभियान की शुरुआत हुई थी. तब मोदी की पहल पर सियासत के साथ-साथ कॉरपोरेट और फिल्मी जगत की कई हस्तियों ने भी हाथ में झाड़ू थाम लिया था. 

करीब नौ महीने बाद एक बार फिर मोदी की अपील पर पूरा देश साथ खड़ा है. इस बार नारा है योग का और मकसद है जन-जन को योग साधना से जोड़ना. लेकिन विपक्ष सवाल पूछ रहा है कि स्वच्छ भारत का सच तो सबने देखा. अब इस नए नारे का अंजाम क्या होगा? कहीं स्वच्छता अभियान की तरह ही योग की मुहिम भी सिर्फ दिखावा बनकर न रह जाए? ..देखिए जन गण मन में क्या योग सिर्फ एक दिखावा बन जाएगा?