Hindi entertainment Amitabh bachchan, Amitabh birthday, Sonia Gandhi, Teji Bachchan, Harivansh Rai Bachchan, Neetu Singh http://www.inkhabar.com/sites/inkhabar.com/files/field/image/12_19.jpg

अमिताभ बच्चन बर्थडे: किस रिश्ते से सोनिया गांधी के भाई लगते हैं बिग बी?

अमिताभ बच्चन बर्थडे: किस रिश्ते से सोनिया गांधी के भाई लगते हैं बिग बी?

    |
  • Updated
  • :
  • Friday, October 13, 2017 - 11:42
Amitabh bachchan, Amitabh birthday, Sonia Gandhi, Teji Bachchan, Harivansh Rai Bachchan, Neetu Singh

mitabh Bachchan Birthday: Amitabh Bachchan and Sonia Gandhi are brother sister

इनख़बर से जुड़ें | एंड्रॉएड ऐप्प | फेसबुक | ट्विटर
अमिताभ बच्चन बर्थडे: किस रिश्ते से सोनिया गांधी के भाई लगते हैं बिग बी?mitabh Bachchan Birthday: Amitabh Bachchan and Sonia Gandhi are brother sisterFriday, October 13, 2017 - 11:42+05:30
नई दिल्ली: बच्चन और गांधी परिवार की दोस्ती एक समय पर कितनी गहरी थी इस बात का अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि सोनियां गांधी का कन्यादान हरिवंश राय बच्चन और तेजी बच्चन ने किया था. यही नहीं सोनिया गांधी शादी से पहले करीब दो महीनों तक हरिवंशराय बच्चन के घर पर ही रही थीं. आखिर बाद में ऐसा क्या हुआ कि दोनों परिवारों ने एक दूसरे से दूरियां बना लीं? इसके अलावा याराना की शूटिंग के दौरान नीतू सिंह को रोता देख अमिताभ बच्चन ने क्यों रूकवाई शूटिंग और उन्हें अगली ही फ्लाइट से भेजा मुंबई? ऐसी ही अनसुनी कहानियों की सीरीज की इस ग्यारहवीं कड़ी में आज हम आपको इसके बारे में बताने जा रहे हैं. 
 
सोनिया गांधी का कन्या दान अमिताभ के माता पिता ने क्यों किया?
 


गांधी परिवार से अमिताभ बच्चन के रिश्ते भले ही आज नदी के दो किनारों की तरह लगते हैं लेकिन एक वक्त था जब बच्चन परिवार गांधी परिवार का बड़ा करीबी समझा जाता था. यहां तक कि हरिवंश राय बच्चन गिने चुने कुछ बुद्धिजीवियों में से थे जिन्होंने इमरजेंसी का मूक समर्थन किया था. कई लोगों ने ये तक दावा किया है कि अमिताभ की पहली फिल्म सात हिंदुस्तानी के डायरेक्टर ख्वाजा अहमद अब्बास और नरगिस को अमिताभ की मदद करने के लिए इंदिरा गाधी ने लैटर लिखा था. जब राजीव गांधी ने सोनिया के साथ अफेयर करने के बाद शादी करने की योजना बनाई तो सोनिया को दिल्ली बुला लिया. कहा जाता है कि तेजी बच्चन ने ही दोनों के अफेयर की खबर सबसे पहले इंदिरा गांधी को दी थी. ये 1968 की बात है, लेकिन अब दिक्कत हो गई कि सोनिया को रखा कहां जाए. चूंकि शादी दो महीने बाद होनी थी और सोनिया की फैमिली इटली से भारत नहीं आ रही थी. ऐसे में मुश्किल हो गई, चूंकि ना तो सोनिया को किसी होटल मे इतने दिनों ठहराया जा सकता था और ना ही अपने घर में रखा जा सकता था. ऐसे में इंदिरा गांधी को बच्चन परिवार की याद आई, उन्होंने हरिवंश राय बच्चन से बात कर सोनिया को दिल्ली में ही उनके घर भेज दिया. सोनिया वहां दो महीने रहीं. इतने दिनों में अमिताभ की मां तेजी बच्चन ने उन्हें साड़ी पहनना और कुछ भारतीय रीति रिवाजों के बारे में बताया. यहां तक कि जब सोनिया संग राजीव की शादी हुई तो सोनिया के परिवार की गैर मौजूदगी में उसका कन्यादान भी अमिताभ के माता पिता ने ही किया था. लेकिन बाद में ऐसे रिश्ते बिगड़े कि ना तो प्रियंका की शादी पर बच्चन परिवार था और ना अभिषेक की शादी में गांधी परिवार..!
 
कौन था अमिताभ का सबसे पहला दोस्त?
 
अब जानिए अमिताभ बच्चन की जिंदगी के पहले दोस्त के बारे में. उसका नाम था मनवर, उनको घर के नौकर सुदामा का बेटा. जब हरिवंश राय बच्चन ने अपने पिता की मर्जी के खिलाफ तेजी बच्चन से शादी कर ली तो पिता नाराज हो गए. हरिवंश जब परिवार के साथ पांच सौ रुपए की प्रोफेसर की नौकरी पर इलाहाबाद यूनीवर्सिटी आए तो उनके पिता ने उन्हें कुछ नहीं दिया. हां तेजी बच्चन जरूर अपने घर से एक ग्रामोफोन लाईं थीं. ऐसे में उनके घर के नौकर सुदामा ने जिद पकड़ ली कि वो भी हरिवंश राय के साथ जाएगा. वो उसे साथ ले आए. बाद में सुदामा का बेटा मनवर और अमिताभ दोस्त हो गए. हरिवंश राय बच्चन ने मनवर को अपने खर्चे पर पढ़ाया और बाद में वो इंडियन एयरलाइंस में एक एयरोनॉटिकल इंजीनियर बन गया. कई साल बाद मुंबई में अमिताभ के बंगले प्रतीक्षा में सुदामा और मनवर मिलने आए तो सोफे पर बैठने को तैयार ही नहीं थे, दोनों अमिताभ के पिता के पैरों में बैठना चाहते थे. अमिताभ अपने उस दोस्त को कभी नहीं भूले.
 
नीतू की आंखों में आंसू देखकर अमिताभ ने क्या किया?
 
 
याराना फिल्म में अमिताभ की हीरोइन थी नीतू सिंह. जब  एक बार याराना के लिए अमिताभ के साथ वो कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में एक गाना शूट कर रही थीं, सारा जमाना हसीनों का दीवाना तो दिन में शूटिंग के वक्त पब्लिक ने काफी परेशान किया. आधा गाना शूट करके यूनिट ने तय किया कि बाकी का गाना रात को शूट करेंगे. लेकिन ये सुनकर नीतू सिंह की आंखों में आंसू आ गए. हर कोई परेशान हो गया. अमिताभ ने उनसे रोने की वजह पूछी. दरअसल नीतू की ऋषि कपूर के साथ हाल ही में सगाई हुई थी और उन्हें ऋषि की याद आ रही थी और उस वक्त मोबाइल फोन होते नहीं थे. इसलिए वो फौरन मुंबई जाना चाहती थीं. ऐसे में अमिताभ ने प्रोडयूसर से बात की और नीतू के लिए अगली फ्लाइट में ही टिकट बुक करवाई. नीतू निकल गईं और अमिताभ ने बिना नीतू के वो आधा गाना शूट किया. बाद में बीच-बीच में नीतू के विजुअल्स उस गाने में जगह जगह डाल दिए गए. आप अगर ये गाना देखेंगे तो पाएंगे कि कई जगह नीतू गायब हैं.
 
जब बिग बी ने रखीं खुद्दार के लिए कुछ शर्तें
 
 
अमिताभ बच्चन ने खुद्दार फिल्म के लिए महमूद के भाई और अपने दोस्त नवर अली को हां तो कर दी लेकिन कहा कि मेरी कुछ शर्तें होंगी, जिनमें पसंद का लेखक भी शामिल था. अमिताभ की पहली पसंद थे सलीम-जावेद, जो उनके लिए कई सुपरहिट फिल्में दे चुके थे, लेकिन उन दोनों ने कुछ ज्यादा ही पैसे मांग लिए, जो अनवर या उनके दोस्त को काफी ज्यादा लगे. फिर बच्चन से गुहार की गई, तो बच्चन ने उन्हें अपना दूसरा फेवरेट लेखक साइन करने को कहा, वो थे कादर खान. तब अनवर ना कादर खान को साइन कर लिया. फिल्म के लिए महाराष्ट्रियन मूल की हीरोइन की दरकार थी, लेकिन बच्चन के कहने पर जब परवीन बॉबी को लिया गया तो कहानी की हीरोइन का किरदार क्रिश्चियन में बदल दिया गया. इतना ही नहीं अनवर ने महमूद के दवाब डालने पर फिल्म में उसको भी साइन कर लिया. वाबजूद इसके शूटिंग के दौरान फिल्म फाइनेंशियल क्राइसिस का शिकार हो गई. तब अनवर ने एफ आप रैट्टोंसे से टाईअप किया औऱ वो फिल्म से बतौर को-प्रोडयूसर जुड़ गया. वो तो किस्मत थी कि फिल्म तब रिलीज हुई, जब अमिताभ कुली की चोट से वापस लौटे थे. ऐसे में अमिताभ के फैंस ने खुद्दार को हाथों हाथ लिया और फिल्म सुपरहिट हो गई.
 
राम शेट्टी और मयूर अमिताभ की जिंदगी में क्यों हो गए इतने अहम?
 
अमिताभ की फिल्म मुकद्दर का सिकंदर से बॉलीवुड को दो नए चेहरे भी मिले थे, जो बाद में अमिताभ के साथ ऐसे जुड़ गए कि लोग आज भी पहचानते हैं. एक थे मयूर, जिन्हें सालों तक जूनियर अमिताभ कहा गया, क्योंकि उन्होंने कई फिल्मों में अमिताभ बच्चन के बचपन का रोल किया था. तो दूसरे थे प्यारे लाल यानी राम सेठी. राम सेठी का रोल असरानी को करना था, भारी बारिश के चलते जब असरानी उस दिन कहीं किसी और मूवी के सैट पर फंस गए तो उस छोटे से रोल के लिए प्रकाश मेहरा ने अपने असिस्टेंट राम सेठी से वो रोल करने को कहा और उसके बाद तो प्यारे लाल अमिताभ के साथ कई फिल्मों में नजर आए. ऐसे ही मयूर की मां किसी भी सूरत में मयूर को फिल्मों में रोल दिलाना चाहती थी, जब उसको फिल्म के सैट पर स्टूडियों मे एंट्री नहीं मिली तो उसने एक झूठ बोला कि वो एक जर्नलिस्ट हैं तो उनकों एंट्री मिल गई. दरअसल ऐसा वो कई बार कर चुकी थी, जैसे ही प्रोडयूसर्स मिलने को तैयार हो जाते थे, वो मयूर की तस्वीरें दिखाकर उसके लिए रोल मांगने लग जाती थीं. जब वो प्रकाश मेहरा से मिली तो उनको भी मयूर की तस्वीरें इसी तरह दिखाईं और मेहरा को अमिताभ के बचपन के रोल के लिए मयूर जम गया. फिर तो मयूर की निकल ही पड़ी, इस तरह मिला बॉलीवुड को उसका जूनियर अमिताभ बच्चन. 
 

पढ़ें-
 

 

First Published | Thursday, October 12, 2017 - 18:01
For Hindi News Stay Connected with InKhabar | Hindi News Android App | Facebook | Twitter
(Latest News in Hindi from inKhabar)
Disclaimer: India News Channel Ka India Tv Se Koi Sambandh Nahi Hai

Add new comment

CAPTCHA
This question is for testing whether or not you are a human visitor and to prevent automated spam submissions.