पटना. बिहार विधानसभा चुनाव के पांचवे चरण के तहत 57 सीटों पर वोटिंग शुरू हो गई है. पांचवें चरण में मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, मधेपुरा, सहरसा और दरभंगा जिले में आज वोट डाले जा रहे हैं. सबसे ज्यादा दरभंगा- मधुबनी जिले में 10-10 सीटें हैं. पूर्णिया और कटिहार में विधानसभा की 7-7 सीटें हैं. अररिया में 6, सुपौल में 5, मधेपुरा, सहरसा, किशनगंज में विधानसभा की 4-4 सीटें हैं . 
 
आखिरी दौर हो सकता है लालू-नीतीश के लिए मुश्किल
आखिरी चरण में ओवैसी और पप्पू यादव के मैंदान में उतरने की वजह से लालू-नीतीश से लेकर एनडीए के लिए मुश्किल भरा हो सकता है. बता दें कि पप्पू यादव पहले आरजेडी में नेता थे लेकिन इस बार वे अपनी जन अधिकार पार्टी बनाकर चुनावी मैंदान में उतरे हैं. उनकी पार्टी 40 सीटों पर चुनाव लड़ रही है. इनके चुनाव में प्रत्याशी उतारने के कारण लालू यादव का परंपरागत वोट खिसक सकता है. सहरसा, मधेपुरा, सुपौल और पूर्णिया, कटिहार जैसे इलाकों में यादव वोटर्स की संख्या भी अच्छी-खासी है. 
 
ओवैसी की वजह से बिगड़ सकता है चुनावी समीकरण 
इसके अलावा ओवैसी के मुस्लिम बहुल्य इलाकों में प्रत्याशी उतारने की वजह से लालू-नीतीश के  चुनावी गणित पर असर पड़ सकता है. अभी हाल में महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश जिलों में हुए नगर पालिका चुनाव में ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम कुछ जगहों पर जीती है. ऐसे में मुस्लिम वोटर्स की ओवैसी की तरफ जाने की आशंका बढ़ गई है. 
 
बता दें कि कोसी और सीमांचल मुस्लिम बहुल इलाके हैं. किशनगंज में तो 48% मुस्लिम वोटर्स हैं. इसके अलावा, कटिहार में 45%, अररिया 38% और पूर्णिया में 35% मुसलमान वोटर्स हैं.
 
क्या है गणित
आज के चुनाव में कुल करीब एक करोड़ 55 लाख वोटर 827 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे. 827 उम्मीदवारों में से 58 महिला उम्मीदवार हैं. इनमें पुरुष वोटरों की संख्या 81 लाख और महिला वोटरों की संख्या करीब 73 लाख है. इस दौर के चुनाव में जेडीयू ने 25, आरजेडी ने 20 और कांग्रेस ने 12 उम्मीदवार उतारे हैं. एनडीए में बीजेपी 38, एलजेपी- 11, हम 3, और आरएलएसपी ने 5 उम्मीदवार उतारे हैं.
 
वहीं 2010 के चुनावों में नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू ने 25 सीटों पर जीत दर्ज की थी, जबकि सात सीटें आरजेडी के पास थीं. कांग्रेस को सिर्फ तीन सीटें मिली थीं. वहीं बीजेपी ने 21 सीट पर जीत दर्ज की थी. दो सीटें उसके वर्तमान सहयोगी एलजेपी को मिली थीं.