पटना. बीजेपी अध्‍यक्ष अमित शाह ने इंडिया न्यूज़ से विशेष बताचीत में बिहार चुनाव के पहले और दूसरे चरण के मतदान में एनडीए को भारी समर्थन मिलने का दावा किया. शाह ने कहा कि राज्‍य में हुए पहले दो चरण के मतदान में बीजेपी-एनडीए गठबंधन को क्रमश: 32-34 और 22-24 सीटें मिलेंगी. साथ ही अगले तीन चरणों में भी एनडीए के अच्‍छे प्रदर्शन की उम्‍मीद जताई.
 
शाह ने आरक्षण के मुद्दे पर कहा कि भारतीय जनता पार्टी आरक्षण के समर्थन में है और वह आरक्षण में छेड़छाड़ की विरोधी है. उन्‍होंने कहा, संघ प्रमुख मोहन भागवत ने आरक्षण को खत्‍म करने की बात नहीं की. साथ ही उन्‍होंने लेखकों द्वारा लौटाए जा रहे सम्‍मानों पर कहा कि लेखकों का विरोध कर्नाटक-यूपी से जुड़ा हुआ है. अमित शाह ने दादरी घटना को लेकर कहा कि यह घटना सपा सरकार के शासनकाल में हुई है, जबकि कर्नाटक में हुई कन्‍नड़ लेखक एमएम कलबुर्गी की हत्‍या कांग्रेस के शासनकाल में हुई है. 
 
उन्‍होंने कहा, ‘इस चुनाव में हमारा फोकस विकास पर है, क्‍योंकि बिहार विकास के पैमाने पर पिछड़ा हुआ है. भाजपा ने हर राज्‍य में परिर्वतन किया है. बिहार अब बीमारू राज्‍य नहीं बने रहना चाहता.’ पार्टी अध्‍यक्ष ने लालू-नीतीश और कांग्रेस के महागठबंधन को ‘स्‍वार्थ वाला महागठबंधन’ बताते हुए कहा कि नीतीश कई सालों तक लालू यादव के राज को जंगलराज कहकर विरोध करते रहे, लेकिन आज सत्‍ता प्राप्ति के लिए दोनों साथ आ गए. यहां तक की कभी कांग्रेस का विरोध करते रहे दोनों नेता आज सत्‍ता हासिल करने के लिए उसके साथ भी आ गए. इस गठबंधन का आधार स्‍वार्थ है और इसे बिहार की जनता ने अच्‍छे से समझा है. बिहार की जनता जंगलराज-2 कतई नहीं चाहती. पलायन के मुद्दे पर भी जनता में भारी रोष है.