नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को पटना में पांच योजनाओं का उद्घाटन करेंगे, जिसके निमंत्रण पत्र से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नाम गायब है. इस मुद्दे पर राजनीति गरमाई हुई है. इंडिया न्यूज़ ने बिहार के राजनीतिक माहौल पर सबसे ताज़ा सर्वे किया है.

सर्वे के अनुसार नीतीश कुमार और पीएम नरेंद्र मोदी के बीच कांटे का मुकाबला है. 21 जिलों के 2100 लोगों के बीच इसी सप्ताह इंडिया न्यूज़ ने यह सर्वे किया है.

क्या बिहार में नरेंद्र मोदी का जादू चलेगा ?
हां- 59%
नहीं- 31%
कह नहीं सकते- 10%

आपकी नजर में बेहतर मुख्यमंत्री कौन साबित होगा ?
नीतीश कुमार-44
सुशील मोदी- 22
जीतन मांझी-5
रामविलास-5
राबड़ी देवी-5
अन्य-19

क्या नीतीश कुमार से कामकाज से आप संतुष्ट हैं ?
हां- 54%
नहीं- 43%
कह नहीं सकते- 3%

क्या बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने से बीजेपी को फायदा होगा ?
हां- 66%
नहीं- 29%
कह नहीं सकते- 5%

क्या लालू-नीतीश का गठबंधन बिहार में सरकार बना पाएगा ?
हां- 44%
नहीं- 48%
कह नहीं सकते- 8%

क्या नीतीश-लालू के गठबंधन से बीजेपी कमजोर हुई है ?
हां- 45%
नहीं- 48%
कह नहीं सकते- 7%

जीतनराम मांझी के अलग होने से क्या नीतीश से दलित नाराज हैं ?
हां- 59%
नहीं- 36%
कह नहीं सकते- 5%

क्या नीतीश के साथ लालू के आने से बिहार की कानून-व्यवस्था बिगड़ी है ?
हां- 65%
नहीं- 31%
कह नहीं सकते- 4%

चुनाव से पहले सीएम उम्मीदवार तय नहीं करने से बीजेपी को नुकसान होगा ?
हां- 53%
नहीं- 41%
कह नहीं सकते- 6%

क्या नीतीश-लालू का गठबंधन बनने के बाद बिहार में अगड़े और पिछड़े वोट बंट गए हैं ?
हां- 50%
नहीं- 39%
कह नहीं सकते- 11%

आपको बता दें कि बिहार में इसी साल सितंबर-अक्टूबर में चुनाव होना है. बीजेपी बिहार में रामविलास पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) और उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (रालोसपा) के साथ मिलकर चुनाव लड़ेगी.

इसके अलावा पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी की हिंदुस्तान अवाम मोर्चा ने भी अब बीजेपी से हाथ मिला लिया है. वहीं जेडीयू-राजद-कांग्रेस महागठबंधन के तहत चुनावी मैदान में उतरेगी. नीतीश कुमार को इस महागठबंधन का चेहरा बनाया गया है.