नई दिल्ली. योग को लेकर बाबा रामदेव का योगदान किसी से छुपा हुआ नहीं है. उन्होंने योगासन व प्राणायामयोग के क्षेत्र में बड़ा योगदान दिया है. इस समय रामदेव जगह-जगह स्वयं जाकर योग-शिविरों का आयोजन करते हैं और अब तक देश-विदेश के करोड़ों लोगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से योग सिखा चुके हैं. 

इंडिया न्यूज शो में ‘अर्ध सत्य’ में बाबा रामदेव ने इंडिया न्यूज के मैनेजिंग एडिटर राणा यशवंत ने खुलकर हर विषय पर बात की. उन्होंने खुद के योग से बने संयोग के बारे में बताते हुए कहा, ‘मैंने किताब को देख-देखकर योग करना सीखा है. बचपन में मेरा पेट मोटा सा था. खड़ा होता था तो दोनों पैर सट जाती थी. शरीर कमजोर था. एक दिन दो तल्ले के घर से जब अपनी मौसी को नीचे देख रहा था तो दुर्घटना घटी. उस समय पिता जी डॉक्टर के पास ले गए. चिकित्सा की ज्यादा सुविधाएं नहीं थी. आठ-नौ टांके पड़े थे चोट पर. इसके बाद से ही मैंने योग को अपनाया.’ ... आगे वीडियो में देखिए रामदेव को भिक्षा क्यों मांगने पड़ी थी?